सर्वाधिकार सुरक्षित रहते हुऐ, INDIAN POST INFO. NETWORK एवं ब्लाग के लिंक सहित ही सामग्री का अन्यत्र इस्तेमाल किया जा सकता है।
11/9/2008

दलित तो दलित है, उसे धर्म से मत जोडो !

भारतीय जनता पार्टी के अग्रिम संगठनों द्वारा ईसाई एवं मुस्लिम सहित अन्य धर्मों के दलित गरीबों को अनुसूचित जाति या अनुसूचित जनजाति कोटे में आरक्षण देने का विरोध बेतुका है। दलित अगर आरक्षण श्रेणी में आता है तो उसे उसही आरक्षण श्रेणी में शामिल किया जाना चाहिये जिसका वह हकदार है, चाहे उसका धर्म हिन्दू, इस्लाम, ईसाई, बौद्ध अथवा जैन हो। दलित तो दलित ही है चाहे वह किसी भी धर्म-मत-पंथ का अनुयाई हो। यह दबाव डालना कि आरक्षण केवल हिन्दू दलितों को ही मिलना चाहिये अत्यन्त गैर जुम्मेदारान है और भारतीय संविधान की भावनाओं के खिलाफ है। भारतीय जनता पार्टी को इस मुददे पर राष्ट्रवादी दृष्टिकोण अपनाना चाहिये। आशा है भाजपा नेता चिन्तन करेगें।
पारस जैन
parasjain@yahoo.co.in
Bookmark and Share